फरवरी 2026 में VECV की रिकॉर्ड बिक्री, 9986 यूनिट्स पार, घरेलू बाजार में 24% का उछाल

नई दिल्ली: VE Commercial Vehicles Ltd. ने फरवरी 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 9,986 कमर्शियल वाहनों की बिक्री की है। यह आंकड़ा फरवरी 2025 के 8,092 यूनिट्स के मुकाबले 23.4% की मजबूत बढ़ोतरी दर्शाता है। कंपनी की कुल बिक्री में 9,766 यूनिट्स Eicher ब्रांड की रहीं, जबकि 220 यूनिट्स Volvo ब्रैंड के वाहन शामिल रहे।

अगर सिर्फ Eicher ब्रांड की बात करें तो फरवरी 2026 में 9,766 ट्रक और बसें बिकीं, जो पिछले साल इसी महीने के 7,909 यूनिट्स से 23.5% ज्यादा है। घरेलू कमर्शियल व्हीकल बाजार में Eicher का प्रदर्शन और भी दमदार रहा। भारत में कंपनी ने 9,165 यूनिट्स की बिक्री की, जो फरवरी 2025 के 7,357 यूनिट्स के मुकाबले 24.6% की बढ़त है। देश में ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स सेक्टर की रफ्तार तेज हो रही है और Eicher ब्रांड को ग्राहकों का मजबूत भरोसा मिल रहा है।

निर्यात के मोर्चे पर भी कंपनी ने सकारात्मक प्रदर्शन किया है। फरवरी 2026 में 601 यूनिट्स का एक्सपोर्ट हुआ, जबकि पिछले साल इसी महीने यह आंकड़ा 552 यूनिट्स था। यानी निर्यात में 8.9% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। Volvo Trucks और Volvo Buses की बिक्री भी बढ़ी है। फरवरी 2026 में 220 यूनिट्स की बिक्री हुई, जो फरवरी 2025 के 183 यूनिट्स से 20.2% अधिक है। प्रीमियम और हेवी-ड्यूटी सेगमेंट में Volvo ब्रांड की यह बढ़त कंपनी की मजबूत पकड़ को दिखाती है।

VE Commercial Vehicles Ltd. (VECV) की स्थापना दिसंबर 2008 में हुई थी और यह Volvo Group तथा Eicher Motors Limited का संयुक्त उपक्रम है। कंपनी Eicher ब्रांड के ट्रक और बसों की पूरी रेंज, Volvo Buses, भारत में Volvo Trucks की एक्सक्लूसिव डिस्ट्रिब्यूशन, इंजन मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपोर्ट जैसे कई कारोबार संभालती है। मल्टी-ब्रांड और मल्टी-डिवीजन संरचना के साथ VECV आज भारत और उभरते देशों में आधुनिक कमर्शियल ट्रांसपोर्ट को नई दिशा देने वाली अग्रणी कंपनी के रूप में पहचानी जाती है।

कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया है कि भविष्य से जुड़े बयान अनुमान पर आधारित होते हैं और वास्तविक नतीजे अलग हो सकते हैं। फिर भी मौजूदा बिक्री आंकड़े यह संकेत दे रहे हैं कि कमर्शियल वाहन बाजार में रफ्तार बनी हुई है और VE Commercial Vehicles Ltd. मजबूती से आगे बढ़ रही है।

बजट उद्देश्यपूर्ण, इंफ्रास्ट्रक्चर और EV पर ज़ोर : VE Commercial

नई दिल्ली: VE Commercial Vehicles (VECV) के MD और CEO विनोद अग्रवाल ने Union Budget 2026-27 का स्वागत करते हुए इसे इंडिया की विकास यात्रा और Viksit Bharat के विज़न को साकार करने वाला एक संतुलित रोडमैप बताया है। उनके अनुसार, यह बजट ऑटोमोटिव और विशेष रूप से कमर्शियल वाहन उद्योग की नींव को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

विनोद अग्रवाल के बयान के प्रमुख बिंदु इस प्रकार हैं:

इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिकॉर्ड खर्च और CV सेक्टर में तेज़ी

बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए ₹12.2 लाख करोड़ आवंटित किए गए हैं। श्री अग्रवाल के अनुसार, पूंजीगत व्यय (Capex) पर यह निरंतर ध्यान ट्रकों, बसों और लॉजिस्टिक्स संपत्तियों की मांग को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। ये क्षेत्र देश की आर्थिक गतिविधियों का आधार हैं और इस निवेश से कमर्शियल वाहनों के बाज़ार को नई गति मिलेगी।

Rare Earth Mineral Corridor: एक रणनीतिक कदम

ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में Rare Earth Mineral Corridor विकसित करने की योजना को उन्होंने गेम-चेंजर बताया है।
यह पहल इलेक्ट्रिक मोटर्स और एडवांस्ड कंपोनेंट्स के लिए आवश्यक सामग्री सुरक्षित करने में मदद करेगी।
इससे विदेशों से होने वाले आयात पर निर्भरता कम होगी और घरेलू Value Chain मज़बूत होगी।

Clean Mobility और लागत में कमी

क्लीन मोबिलिटी के मोर्चे पर, बैटरी मैन्युफैक्चरिंग के लिए Capital Goods पर ड्यूटी छूट जारी रखने के फैसले का स्वागत किया गया है।
स्थानीय प्रोसेसिंग के लिए प्रोत्साहन EV अपनाने की प्रक्रिया को तेज़ करेंगे।
इससे एक लागत-कुशल बैटरी इकोसिस्टम बनाने में मदद मिलेगी, जो Total Cost of Ownership (TCO) को बेहतर बनाने और कमर्शियल वाहनों की व्यवहार्यता बढ़ाने के लिए आवश्यक है।

निष्कर्ष: आत्मनिर्भर भारत की दिशा में संतुलित कदम

श्री अग्रवाल ने बजट का सारांश देते हुए कहा, “कुल मिलाकर, यह बजट उद्योग के तात्कालिक विश्वास और लंबी अवधि की क्षमता निर्माण के बीच सही संतुलन बनाता है। यह भारत को एक लचीले, आत्मनिर्भर और विश्व स्तर पर प्रतिस्पर्धी Manufacturing Hub के रूप में मज़बूत करता है।”