Ather के ई-स्कूटरों की बंपर डिमांड, नई फैक्ट्री में हर साल बनेंगे 14 लाख स्कूटर

Ather के ई-स्कूटरों की बंपर डिमांड, नई फैक्ट्री में हर साल बनेंगे 14 लाख स्कूटर

हर महीने 15 हजार स्कूटर बेच सकती थी Ather, लेकिन सप्लाई ने लगा दिया ब्रेक

देश में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर की बढ़ती मांग के बीच Ather Energy के स्कूटरों की डिमांड रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। हालात ऐसे हैं कि कंपनी जितने स्कूटर बना रही है, उससे कहीं ज्यादा ग्राहक खरीदने के लिए तैयार हैं। इसी वजह से Ather अब अपनी उत्पादन क्षमता को तय समय से पहले बढ़ाने की तैयारी कर रही है। अभी Ather की सालाना उत्पादन क्षमता 4.2 लाख स्कूटर है। औरंगाबाद में नई फैक्ट्री का पहला चरण शुरू होने के बाद यह क्षमता बढ़कर 9.2 लाख स्कूटर सालाना हो जाएगी। दूसरे चरण के पूरा होने पर कंपनी की कुल क्षमता 14.2 लाख (14 लाख से ज्यादा) स्कूटर प्रति वर्ष हो जाएगी।
कंपनी के सह-संस्थापक और सीईओ तरुण मेहता ने बताया कि अगर पर्याप्त उत्पादन क्षमता होती तो Ather हर महीने 13,000 से 15,000 अतिरिक्त स्कूटर आसानी से बेच सकती थी। फिलहाल कंपनी के प्लांट लगभग पूरी क्षमता पर काम कर रहे हैं और कई डीलरों ने करीब दो महीने की लंबी वेटिंग के कारण नए प्री-ऑर्डर लेना भी बंद कर दिया है। डीलर स्टॉक भी घटकर 14 दिन से सिर्फ 3 दिन रह गया है।
वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में Ather को ग्राहकों से मिलने वाली पूछताछ (इंक्वायरी) में 95 फीसदी की जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं, भुगतान किए गए प्री-ऑर्डर 158 फीसदी बढ़कर 1.5 लाख तक पहुंच गए। यह आंकड़े बताते हैं कि कंपनी की इलेक्ट्रिक स्कूटरों की लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है।
इस मांग को पूरा करने के लिए Ather महाराष्ट्र के औरंगाबाद स्थित नए प्लांट को तेजी से शुरू कर रही है। पहले चरण के पूरा होने के बाद कंपनी की सालाना उत्पादन क्षमता 4.2 लाख से बढ़कर 9.2 लाख यूनिट हो जाएगी। अगर मौजूदा मांग इसी रफ्तार से बढ़ती रही तो दूसरे चरण को भी तय समय से पहले शुरू किया जा सकता है, जिससे कुल क्षमता 14.2 लाख यूनिट प्रति वर्ष तक पहुंच जाएगी। कंपनी ने विस्तार योजनाओं के लिए 2,500 करोड़ रुपये जुटाने का फैसला किया है। इसमें 1,300 करोड़ रुपये का QIP पूरा हो चुका है, जबकि 1,200 करोड़ रुपये प्रेफरेंशियल इश्यू के जरिए जुटाए जाएंगे।
तमिलनाडु के होसुर प्लांट में भी नए प्लेटफॉर्म का उत्पादन शुरू हो चुका है। शुरुआती दौर में होसुर और औरंगाबाद दोनों प्लांट मिलकर हर महीने करीब 60,000 स्कूटर बनाने की क्षमता रखेंगे।
हालांकि, कंपनी के सामने कच्चे माल की बढ़ती कीमतें बड़ी चुनौती बनी हुई हैं। इन चुनौतियों के बावजूद Ather ने जून तिमाही में पहली बार 9 करोड़ रुपये का सकारात्मक EBITDA दर्ज किया है, जो कंपनी के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।