TATA की हैचबैक पर ब्रेक, Punch-Nexon ने दौड़ाई कंपनी की गाड़ी
देश की प्रमुख कार निर्माता Tata Motors की हैचबैक कारों की वापसी की कोशिश फिलहाल रंग नहीं ला सकी है। वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में कंपनी की कॉम्पैक्ट कारों की घरेलू बिक्री में 17.6% की गिरावट दर्ज की गई। हालांकि कंपनी को उम्मीद है कि हाल ही में लॉन्च किए गए नए मॉडल आने वाले एक-दो महीनों में बाजार में असर दिखाना शुरू करेंगे।
कंपनी की कॉम्पैक्ट कार लाइनअप, जिसमें Tata Tiago, Tata Tigor और Tata Altroz शामिल हैं, की घरेलू बिक्री पिछले साल की समान अवधि के 32,801 यूनिट से घटकर इस बार 27,017 यूनिट रह गई। इसी दौरान उत्पादन भी 35,496 यूनिट से घटकर 30,163 यूनिट पर आ गया। हालांकि निर्यात में अच्छी बढ़त देखने को मिली और यह 548 यूनिट से बढ़कर 2,038 यूनिट पहुंच गया।
मई में कंपनी ने नई Tata Tiago EV को Battery-as-a-Service (BaaS) विकल्प के साथ पेश किया। Tiago CNG और पेट्रोल वर्जन को भी अपडेट किया गया। कंपनी का मानना है कि हैचबैक आज भी करोड़ों भारतीय परिवारों के लिए पहली कार का सबसे बड़ा विकल्प है और नए मॉडल इस सेगमेंट को फिर से आकर्षक बना सकते हैं। ऑटो इंडस्ट्री विशेषज्ञों का कहना है कि इन नए बदलावों का असर बाजार में दिखने में एक से दो महीने का समय लग सकता है।
विशेषज्ञों के मुताबिक, Tata Tiago EV की शुरुआती बिक्री का बड़ा हिस्सा फ्लीट ऑपरेटरों से आया था। अब इलेक्ट्रिक फ्लीट की मांग कमजोर पड़ने से इस सेगमेंट की बिक्री पर भी दबाव बढ़ा है।
जहां हैचबैक कारोबार कमजोर रहा, वहीं कंपनी की SUV लाइनअप ने शानदार प्रदर्शन किया। Tata Punch और Tata Nexon की घरेलू बिक्री 76,230 यूनिट से बढ़कर 1,15,882 यूनिट पहुंच गई। Tata Curvv और Tata Sierra की बिक्री भी करीब तीन गुना बढ़कर 25,150 यूनिट हो गई। वहीं Tata Harrier और Tata Safari की घरेलू बिक्री 6,536 यूनिट से बढ़कर 12,117 यूनिट पर पहुंच गई।
विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में कंपनी का फोकस ग्राहकों को हैचबैक से SUV की ओर लिए जाने पर था, क्योंकि यही ग्लोबल ट्रेंड था। अब कंपनी फिर से हैचबैक सेगमेंट को मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है। आने वाले महीनों में नई Tiago और अपडेटेड मॉडल इस सेगमेंट की दिशा तय करेंगे।
