कारों से लेकर ट्रैक्टर तक हर सेगमेंट में ग्रोथ का सैलाब
आटोमोबाइल डीलर महासंघ के अनुसार एसयूवी और ईवी ने बदली तस्वीर
भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार ने जून 2026 में इतिहास रच दिया। देश में एक महीने के दौरान 25,57,234 वाहनों की रिटेल बिक्री हुई, जो पिछले साल की तुलना में 21.83 फीसदी अधिक है। यह सिर्फ कुल बिक्री का नया रिकॉर्ड नहीं है, बल्कि दोपहिया, तिपहिया, पैसेंजर व्हीकल (कार), कमर्शियल व्हीकल और कुल रजिस्ट्रेशन—सभी श्रेणियों में अब तक का सबसे शानदार जून साबित हुआ। सबसे बड़ी बात यह रही कि पहली बार पैसेंजर वाहनों में CNG, हाइब्रिड और इलेक्ट्रिक वाहनों की संयुक्त हिस्सेदारी 40.35 फीसदी के पार पहुंच गई। वहीं दोपहिया इलेक्ट्रिक वाहनों की हिस्सेदारी भी पहली बार 10 फीसदी से अधिक हो गई।
फोडरेशन ऑफ मोबाइल डीलर्स असोसिएशन का कहना है कि पश्चिम एशिया में संघर्ष कम होने से सप्लाई बेहतर हुई। कच्चे तेल की कीमतों में राहत मिली। ग्राहकों ने जून में जमकर वाहन खरीदे। ग्रामीण क्षेत्रों में मानसून की धीमी शुरुआत का असर कुछ बाजारों में जरूर दिखा, लेकिन साल-दर-साल आधार पर गांवों में मांग शहरों से ज्यादा मजबूत रही। असोसिएशन का मानना है कि अगर मानसून सामान्य रहा और खरीफ फसल अच्छी रही तो आने वाले महीनों में वाहन बिक्री को और रफ्तार मिलेगी। फिलहाल 66 फीसदी से अधिक डीलरों को जुलाई से सितंबर के बीच बिक्री बढ़ने की उम्मीद है, जबकि सबसे बड़ा जोखिम कमजोर मानसून और संभावित कीमत बढ़ोतरी को माना जा रहा है।
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) ने जून 2026 के रिटेल आंकड़े जारी किए हैं। आंकड़ों के अनुसार जून में 18.28 लाख दोपहिया वाहन बिके, जो पिछले साल की तुलना में 21.22 फीसदी अधिक हैं। 4.10 लाख पैसेंजर वाहन बिके, जिनमें 28.63 फीसदी की शानदार बढ़ोतरी दर्ज हुई। कमर्शियल वाहनों की बिक्री 90,972 यूनिट रही, जो 16.88 फीसदी बढ़ी, जबकि तीन पहिया वाहनों की बिक्री 16.20 फीसदी और ट्रैक्टरों की बिक्री 25.31 फीसदी बढ़ी। केवल व्हील्ड कंस्ट्रक्शन इक्विपमेंट सेगमेंट में गिरावट दर्ज की गई।
जून की सबसे बड़ी उपलब्धि वैकल्पिक ईंधन (Alternative Fuel) वाहनों की बढ़ती हिस्सेदारी रही। पहली बार पैसेंजर वाहन बाजार में CNG, हाइब्रिड और इलेक्ट्रिक कारों की संयुक्त हिस्सेदारी 40.35 फीसदी तक पहुंच गई। इसमें CNG की हिस्सेदारी 24.33 फीसदी, हाइब्रिड 8.27 फीसदी और इलेक्ट्रिक कारों की हिस्सेदारी 7.75 फीसदी रही।
जून में सभी श्रेणियों को मिलाकर 3.06 लाख इलेक्ट्रिक वाहन बिके। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स असोसिएशन ने पैसेंजर वाहन कंपनियों को सलाह दी है कि जुलाई के दौरान डीलरों के पास जरूरत से ज्यादा स्टॉक न भेजें। 51.24 फीसदी डीलरों ने जुलाई में बिक्री बढ़ने की उम्मीद जताई है, जबकि अगले तीन महीनों के लिए 66.17 फीसदी डीलरों को बाजार में मजबूत ग्रोथ की उम्मीद है।
