BMW और UNICEF की पहल, 1.10 लाख छात्रों को मिली STEM शिक्षा

BMW और UNICEF की पहल, 1.10 लाख छात्रों को मिली STEM शिक्षा

नई दिल्ली: BMW Group और UNICEF की साझेदारी से भारत में बच्चों को भविष्य के लिए तैयार करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। दोनों संस्थाओं की ग्लोबल BRIDGE पहल के तहत देश में STEM शिक्षा (साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और मैथ्स) को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे अब तक 1,10,216 छात्रों को फायदा मिला है। इस कार्यक्रम की शुरुआत दिसंबर 2024 में हुई थी और इसका मकसद बच्चों को आधुनिक तकनीकी और वैज्ञानिक शिक्षा देना है, ताकि वे भविष्य की नौकरियों के लिए तैयार हो सकें। इसमें लड़कियों की भागीदारी बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया है।

BMW और UNICEF ने बताया कि इस पहल के तहत भारत में 397 शिक्षकों को ट्रेनिंग दी गई है और 17,830 से ज्यादा शिक्षकों को वेबिनार के जरिए नई पढ़ाई तकनीक सिखाई गई है। इसके अलावा कई स्कूलों में “मेकर स्पेस” और STEM लैब्स बनाई गई हैं, जहां बच्चे प्रैक्टिकल तरीके से सीख सकते हैं।

यह कार्यक्रम झारखंड, पश्चिम बंगाल, असम और तमिलनाडु जैसे राज्यों में चल रहा है। पश्चिम बंगाल में 90 गतिविधियों वाला STEM मैनुअल तैयार किया गया और 10 मेकर स्पेस बनाए गए हैं। असम में 30 स्कूलों में 7,000 से ज्यादा छात्रों को हैंड्स-ऑन STEM शिक्षा दी गई। झारखंड में लड़कियों के स्कूलों में 11 STEM लैब और 82 स्कूलों में STEM किट वितरित की गई हैं। तमिलनाडु में ‘STEM on Wheels’ से मोबाइल साइंस लैब से ग्रामीण स्कूलों तक विज्ञान प्रयोग पहुंचाए गए।

BMW Group India के CEO हरदीप सिंह बरार ने कहा कि शिक्षा समाज और अर्थव्यवस्था की प्रगति की कुंजी है और यह साझेदारी बच्चों को बेहतर भविष्य देने में मदद करेगी। वहीं UNICEF इंडिया की प्रतिनिधि सिंथिया मैककैफ्री ने कहा कि STEM शिक्षा में लड़कियां पीछे रह जाती हैं, इसलिए यह पहल उन्हें आत्मनिर्भर बनाने में अहम भूमिका निभाएगी। ग्लोबल स्तर पर BMW और UNICEF की यह साझेदारी हर साल 1 करोड़ से ज्यादा बच्चों तक शिक्षा और ट्रेनिंग पहुंचाने का लक्ष्य रखती है।